वि-चित्र-But-सत्य
यह है हमारी विचित्र विडंबना श्रृंखला – जहाँ पुरानी यादें और नए ज़माने की सच्चाई टकराकर कहानियाँ बनाती हैं। आइए, […]
यह है हमारी विचित्र विडंबना श्रृंखला – जहाँ पुरानी यादें और नए ज़माने की सच्चाई टकराकर कहानियाँ बनाती हैं। आइए, […]
शादी में मेहमान और खाना — ये दोनों ऐसे विषय हैं जिन पर हमेशा किस्से बनते रहते हैं। पिछले लेख
आजकल घर का खाना अक्सर बेस्वाद लगने की शिकायत सुनने को मिलती है।लोग कहते हैं — घर में कितना भी
हममें से ज़्यादातर लोगों ने spreadsheets बनाने के लिए Microsoft Excel का नाम तो ज़रूर सुना होगा। ऑफिस का काम
जब भी हम Google का नाम सुनते हैं, तो दिमाग में बस Search, Gmail, Maps या Photos आता है। लेकिन
भारत रत्न सर एम. विश्वेश्वरैया (1861–1962) सिर्फ़ एक इंजीनियर नहीं थे, बल्कि भारत के Master Planner थे। उनकी इंजीनियरिंग दूरदृष्टि,
डिजिटल वेलबीइंग और पैरेंटल कंट्रोल आज के समय में माता-पिता और बच्चों दोनों के लिए बेहद ज़रूरी हो गए हैं।
“मोबाइल से दूर रहो… लेकिन पढ़ाई भी अब मोबाइल के सहारे।”
अनदेखे नायक हमारे आसपास हर दिन मौजूद होते हैं, लेकिन हम अक्सर उन्हें देख नहीं पाते। इनमें सबसे बड़े उदाहरण
ऑनलाइन फ्रॉड की शिकायत कहाँ करें? Digital Snehit Series – Q&A आजकल ₹200 के लालच में ₹20,000 की ठगी होना